बलोचों पर अत्याचार के खिलाफ जर्मनी-ब्रिटेन में प्रदर्शन, मानवाधिकार उल्लंघन के आरोप
10 फरवरी, 2026 – म्यूनिख/लंदन : जर्मनी और ब्रिटेन में बलोच और पख्तून संगठनों ने पाकिस्तान में कथित मानवाधिकार उल्लंघन के खिलाफ बड़े प्रदर्शन किए। संगठनों ने जबरन गुमशुदगी, गैर-न्यायिक हत्याओं और दमन के आरोप लगाए। बलूचिस्तान और पख्तून इलाकों में कार्रवाई को लेकर अंतरराष्ट्रीय जांच की मांग उठी।
जर्मनी और ब्रिटेन में पाकिस्तान के बलोच नेशनल मूवमेंट (BNM) और पख्तून तहफ्फुज मूवमेंट (PTM) ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विरोध के सुर बुलंद कर दिए हैं। BNM ने जर्मनी के ट्रायर शहर के पोर्टा निग्रा चौक पर एक प्रदर्शन में बलूचिस्तान में हो रहे व्यवस्थित और गंभीर मानवाधिकार उल्लंघनों, नागरिकों पर हो रहे अत्याचार को उजागर किया, जबकि लंदन में PTM की यूके शाखा ने पाकिस्तानी सेना की पख्तूनों को जबरन गायब करने की नीति के खिलाफ झंडे उठाए।
BNM ने कहा, ट्रायर में हुए प्रदर्शन के दौरान मानवाधिकार व बलोच समर्थकों ने एकजुटता जताई। प्रदर्शनकारियों ने जबरन गायब करने, गैर-न्यायिक हत्याओं, मनमानी गिरफ्तारियों व सियासी कार्यकर्ताओं तथा मानवाधिकार रक्षकों के खिलाफ सरकारी दमन पर चिंता जताई। PTM ने भी लंदन में पख्तूनों पर ऐसे ही जुल्मों की पोल खोली और पाकिस्तान सरकार के दमन पर अंतरराष्ट्रीय समुदाय से ध्यान देने की अपील की। उन्होंने दुनिया पर कार्रवाई करने का दबाव भी बनाया।
कराची-बलूचिस्तान से छह बलोचों को किया गिरफ्तार
बलूचिस्तान। कराची और बलूचिस्तान के विभिन्न हिस्सों से छह बलोचों को नए साल के दौरान पकड़ा गया है। इन जबरन गिरफ्तारियों का शक पाकिस्तानी सुरक्षाकर्मियों पर लगा है। बलूचिस्तान पोस्ट (TBP) की रिपोर्ट के अनुसार, उनके परिवारों ने उनके लापता होने की जानकारी दी है।
गिरफ्तार लोगों को हिरासत में लेकर अज्ञात स्थान पर ले जाया गया
जानकारी के अनुसार, क्वेटा की बलोच कॉलोनी के निवासी और छात्र असदुल्ला कुर्द (25) को ब्रूअरी से पकड़ा गया, कराची के लयारी निवासी वलीद (30) को उनके घर से उठाया गया। हब के गद्दानी निवासी छात्र खुदा बख्श (18) को कराची में हिरासत में लिया गया। इसी तरह, अवारान जिले के मश्काय से यासिर अराफात (25), घोत्री बाजार और कौसर बाजार इलाकों में देर रात छापेमारी में सिराज और जाहिद को हिरासत में लेकर अज्ञात स्थान पर ले जाया गया है।
अमर उजाला