दुनिया की नजर में रणनीतिक विजेता बनाकर उभरा भारत
भारत-यूरोपीय संघ मुक्त व्यापार समझौता (FTA) को ‘मदर ऑफ ऑल ट्रेड डील्स’ कहा जा रहा है। अंतरराष्ट्रीय मीडिया, वैश्विक नेताओं और विशेषज्ञों ने इस समझौते की सराहना की है, जिससे प्रधानमंत्री मोदी और भारत को रणनीतिक विजेता बताया गया है। इसे आर्थिक और भू-राजनीतिक रूप से ऐतिहासिक और महत्वपूर्ण माना जा रहा है, जो भारत की बढ़ती वैश्विक भूमिका को दर्शाता है।
30 जनवरी, 2026 – नई दिल्ली : भारत और यूरोपीय संघ (EU) के बीच हुए मुक्त व्यापार समझौते (FTA) को जिस तरह से ‘मदर आफ आल ट्रेड डील्स’ की संज्ञा दी गई, उस पर अब दुनिया मुहर लगा रही है।
इस व्यापारिक समझौते की सराहना अंतरराष्ट्रीय मीडिया, वैश्विक नेताओं और विशेषज्ञों ने मुक्त कंठ से करते हुए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और भारत को रणनीतिक विजेता भी करार दिया है। इसे आर्थिक और भू-राजनीतिक दोनों ही दृष्टि से ऐतिहासिक, रणनीतिक और समय के लिहाज से उचित बताया है।
‘मदर ऑफ ऑल ट्रेड डील’ को दुनिया ने सराहा
ब्रिटिश अखबार द टेलीग्राफ में जेम्स क्रिस्प के लेख का शीर्षक है- ‘यूरोपीय संघ के साथ ‘मदर आफ आल ट्रेड डील्स’ में मोदी असली विजेता हैं।’ तर्क दिया कि भारत असली रणनीतिक विजेता बनकर उभरा है।
डैन स्ट्रंपफ के ‘ट्रंप से बचाव के लिए दुनिया के सभी रास्ते मोदी की ओर’ शीर्षक वाले लेख में ब्लूमबर्ग ने कहा कि भारत और यूरोपीय संघ के बीच संपन्न हुआ यह सबसे बड़ा समझौता एक उभरते हुए रुझान का नया उदाहरण है।
अंतरराष्ट्रीय मीडिया ने भारत को रणनीतिक विजेता घोषित किया
नई दिल्ली देशों के लिए भरोसेमंद साझेदार के रूप में उभर रही है। इसी तरह वाल स्ट्रीट जर्नल, न्यूयार्क टाइम्स, वा¨शगटन पोस्ट, द गार्जियन और बीबीसी ने अपने-अपने शब्दों में इस समझौते का महत्व बताया है।
इतना ही नहीं, फॉक्स न्यूज पर पाकिस्तानी पत्रकार कमर चीमा ने तो कहा है कि इस समझौते से भारत को लाभ होगा, क्योंकि कई प्रमुख क्षेत्रों में टैरिफ शून्य हो जाएंगे। पाकिस्तान और बांग्लादेश जैसे पड़ोसी देश अब यूरोपीय बाजार में भारत से प्रतिस्पर्धा नहीं कर पाएंगे।
इसी तरह विदेशी नेताओं में जर्मनी के चांसलर फ्रेडरिक मर्ज, फिनलैंड के राष्ट्रपति अलेक्जेंडर स्टब, स्वीडन के प्रधानमंत्री उल्फ क्रिस्टर्सन, आस्टि्रया के चांसलर क्रिश्चियन स्टाकर, डेनमार्क के विदेश मंत्री लार्स लोके रासमुसेन, फ्रांस के विदेश व्यापार एवं आर्थिक मामलों के मंत्री निकोलस फोरिसियर, यूरोपीय संसद के सदस्य सैंड्रो गोजी आदि ने भू-राजनीतिक और कूटनीतिक ²ष्टिकोण से इस समझौते को महत्वपूर्ण बताया।
दैनिक जागरण