नाभा के मोहल्ला करतारपुरा में बिजली विभाग की लापरवाही से 18 वर्षीय आईटीआई छात्र भावेश कुमार की करंट लगने से मौत हो गई। बारिश के बाद जलभराव के कारण बिजली के खंभे में करंट आ गया था। घटना के बाद इलाके में शोक और रोष है। स्थानीय लोगों ने विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए जांच और कार्रवाई की मांग की है, क्योंकि ऐसी घटना पहले भी हो चुकी है।
24 जनवरी, 2026 – पटियाला : पटियाला के नाभा में बिजली विभाग की लापरवाही एक बार फिर जानलेवा साबित हुई है। मोहल्ला करतारपुरा में बिजली के खंभे में करंट आ जाने से 18 वर्षीय ITI छात्र की दर्दनाक मौत हो गई। यह हादसा शुक्रवार को उस समय हुआ, जब युवक घर से बाहर किसी काम से निकला था। घटना के बाद पूरे इलाके में शोक और रोष का माहौल है।
मृतक की पहचान भावेश कुमार पुत्र पवन कुमार के रूप में हुई है, जो ITI का छात्र था। जानकारी के अनुसार भावेश, पंजाब के पूर्व कैबिनेट मंत्री काका रणदीप सिंह की नाभा स्थित रिहायश के नजदीक मोहल्ला करतारपुरा में रहता था। शुक्रवार को हुई बारिश के बाद इलाके में पानी जमा हो गया था। इसी दौरान भावेश जैसे ही घर से बाहर निकला, उसका हाथ मोहल्ले में लगे बिजली के खंभे से छू गया, जिसमें करंट दौड़ रहा था। करंट लगते ही भावेश जमीन पर गिर पड़ा।
डॉक्टरों ने मृत घोषित किया
मृतक के रिश्ते में दादा अशोक कुमार ने बताया कि घटना के तुरंत बाद भावेश को सिविल अस्पताल नाभा ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। उन्होंने कहा कि परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है और यह हादसा पूरी तरह से लापरवाही का नतीजा है। मोहल्ला निवासी पप्पू और ईश्वर दत्त ने बताया कि बरसात के दिनों में उनके इलाके में अक्सर जलभराव हो जाता है और इसी कारण बिजली के खंभों में करंट आने की समस्या बनी रहती है।
तकरीबन 8 साल पहले भी घटी थी ऐसी घटना
उन्होंने कहा कि करीब सात-आठ साल पहले भी इसी तरह एक नौजवान की करंट लगने से मौत हो चुकी है। इसके बावजूद बिजली विभाग ने कभी गंभीरता से समस्या का समाधान नहीं किया। स्थानीय लोगों का आरोप है कि उन्होंने कई बार बिजली विभाग और प्रशासन को इस खतरे के बारे में अवगत कराया, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि न केवल मोहल्ला करतारपुरा बल्कि पूरे नाभा शहर में लगे बिजली के खंभों की जांच करवाई जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की दर्दनाक घटना ना हो।
दैनिक जागरण