परमाणु हथियार ले जाने में सक्षम; चीन-पाकिस्तान की टेंशन बढ़ना तय!
भारत ने ओडिशा के चांदीपुर स्थित इंटीग्रेटेड टेस्ट रेंज से मध्यम दूरी की बैलिस्टिक मिसाइल अग्नि-4 का सफल परीक्षण किया। करीब 4,000 किलोमीटर मारक क्षमता वाली यह मिसाइल परमाणु और पारंपरिक हथियार ले जाने में सक्षम है।
07 अगस्त, 2026 – नई दिल्ली: भारत ने रक्षा क्षेत्र में एक और बड़ी उपलब्धि हासिल करते हुए मध्यम दूरी की बैलिस्टिक मिसाइल अग्नि-4 का सफल परीक्षण किया है। यह परीक्षण ओडिशा के चांदीपुर स्थित इंटीग्रेटेड टेस्ट रेंज किया गया। परीक्षण का संचालन रणनीतिक बल कमान की निगरानी में हुआ, जिसमें मिसाइल के सभी परिचालन और तकनीकी मानकों को सफलतापूर्वक परखा गया।
रक्षा मंत्रालय ने गुरुवार को कहा, ‘छह अगस्त को ओडिशा के चांदीपुर स्थित एकीकृत परीक्षण रेंज से मध्यम दूरी की बैलिस्टिक मिसाइल अग्नि-4 का सफल परीक्षण किया गया। इस प्रक्षेपण के दौरान सभी परिचालन और तकनीकी मानकों का सफलतापूर्वक सत्यापन हुआ। यह परीक्षण सामरिक बल कमान के तत्वावधान में किया गया।’
परमाणु हथियार ले जाने में सक्षम
अग्नि-4 दो चरणों वाली ठोस ईंधन से चलने वाली बैलिस्टिक मिसाइल है। जिसकी मारक क्षमता करीब 4,000 किलोमीटर तक बताई जाती है। यह मिसाइल परमाणु हथियारों के साथ-साथ पारंपरिक हथियारों को भी ले जाने में सक्षम है। भारत की बढ़ती ताकत देख चीन-पाकिस्तान की टेंशन बढ़ना तय है।
2007 में शुरू हुआ था अग्नि-4 का विकास
रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन ( DRDO ) ने साल 2007 में 5,000 किलोमीटर कैटेगरी की मिसाइल परियोजना पर काम शुरू किया था। साल 2011 में अग्नि-4 नाम उस उन्नत संस्करण को दिया गया, जिसे हैदराबाद स्थित DRDO की एडवांस्ड मिसाइल लैब ने विकसित किया था।
इस मिसाइल में अग्नि-2 प्राइम के मुकाबले कई तकनीकी सुधार किए गए हैं। इसमें ज्यादा शक्तिशाली पहला चरण मोटर, बेहतर दूसरा चरण मोटर, आधुनिक गाइडेंस सिस्टम और उन्नत इलेक्ट्रॉनिक प्रणाली शामिल हैं।
नवभारत टाइम्स