बिजली संकट गहराया, निजी इलेक्ट्रिशियन बुलाकर फॉल्ट सही करवा रहे लोग
27 जुलाई, 2026 – होशियारपुर : होशियारपुर के फतेहगढ़ स्थित रामचरण एंक्लेव में सामने आया। यहां एक निजी इलेक्ट्रिशियन द्वारा बिजली व्यवस्था ठीक करने के प्रयास के बाद करीब 50 घरों की बिजली पूरी तरह बंद हो गई, जबकि 15 से 20 घरों में 440 वोल्ट की सप्लाई पहुंच गई।
पंजाब में नियमित बिजली कर्मचारियों की हड़ताल समाप्त हो गई है। होशियारपुर जिले के लोगों को फिलहाल बिजली संकट से पूरी तरह राहत मिलने की उम्मीद नहीं है।
इसका मुख्य कारण यह है कि बिजली लाइनों की मरम्मत और फॉल्ट ठीक करने का अधिकतर काम करने वाले ठेका एवं आउटसोर्स कर्मचारी अब भी हड़ताल पर हैं। विभागीय सूत्रों के अनुसार रिपेयर कार्य में लगे लगभग 80 प्रतिशत कर्मचारी आउटसोर्स श्रेणी से संबंधित हैं और उनकी हड़ताल अभी जारी है।
जिले के अनेक क्षेत्रों में पिछले 18 से 20 घंटे से बिजली व्यवस्था बुरी तरह प्रभावित रही। कहीं फॉल्ट के कारण बिजली पूरी तरह बंद रही तो कहीं लोगों को बेहद कम वोल्टेज का सामना करना पड़ा। लगातार बिजली गुल रहने से लोगों को पेयजल, घरेलू कार्यों और कारोबार में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
बिजली बहाल न होने पर कई इलाकों में लोगों ने अपने स्तर पर निजी इलेक्ट्रिशियन बुलाकर फॉल्ट ठीक कराने का प्रयास किया, लेकिन कई स्थानों पर इसका उल्टा असर देखने को मिला। गलत तरीके से मरम्मत किए जाने के कारण कहीं बिजली पूरी तरह बंद हो गई तो कहीं 220 वोल्ट की जगह 440 वोल्ट की सप्लाई पहुंचने लगी, जिससे लोगों के घरेलू उपकरण जल गए।
ऐसा ही मामला होशियारपुर के फतेहगढ़ स्थित रामचरण एंक्लेव में सामने आया। यहां एक निजी इलेक्ट्रिशियन द्वारा बिजली व्यवस्था ठीक करने के प्रयास के बाद करीब 50 घरों की बिजली पूरी तरह बंद हो गई, जबकि 15 से 20 घरों में 440 वोल्ट की सप्लाई पहुंच गई। इससे अनेक परिवारों के एलईडी टीवी, पंखे, लाइटें, मॉडेम, राउटर, सीसीटीवी कैमरे तथा अन्य विद्युत उपकरण क्षतिग्रस्त हो गए। प्रभावित लोगों ने विभाग से नुकसान का आकलन कर उचित मुआवजा देने की मांग की है।
नियमित कर्मचारियों की हड़ताल समाप्त होने से कुछ राहत अवश्य मिलेगी, लेकिन इसका असर सीमित रहेगा। नियमित कर्मचारी अब दोबारा पावर सब-स्टेशनों का संचालन संभालेंगे, जबकि हड़ताल के दौरान सब-स्टेशनों पर तैनात किए गए एसडीओ, जेई और अन्य अधिकारियों को अब फील्ड में भेजा जाएगा ताकि वे बिजली आपूर्ति बहाल करने के कार्य में तेजी ला सकें।
इस संबंध में अधीक्षण अभियंता (एसई) से बातचीत में उन्होंने बताया कि सरकार ने आवश्यकता पड़ने पर ओपन मार्केट से निजी इलेक्ट्रिशियन और तकनीकी कर्मियों की सेवाएं लेने की अनुमति दे दी है। विभाग ने इस दिशा में कार्रवाई भी शुरू कर दी है ताकि लंबित फॉल्ट जल्द दूर किए जा सकें और आम लोगों को राहत मिल सके।
हालांकि विभाग को उम्मीद है कि अगले कुछ दिनों में स्थिति सामान्य होने लगेगी, लेकिन जब तक आउटसोर्स कर्मचारियों की हड़ताल समाप्त नहीं होती, तब तक जिले में बिजली व्यवस्था पूरी तरह पटरी पर लौटने में समय लग सकता है। फिलहाल उपभोक्ताओं को धैर्य रखने और किसी भी प्रकार की बिजली संबंधी समस्या होने पर स्वयं लाइन से छेड़छाड़ न करने की सलाह दी गई है।
अमर उजाला